• About
  • Advertise
  • Privacy & Policy
  • Contact
Panchayat Reporter News Web Portal
  • होम
  • आपका गांव
  • हैलो पंचायत
  • स्पेशल
  • हाल फिलहाल
  • खेती बाड़ी
  • पंचायत ज्ञान
  • राजनीति
  • पोल पट्टी
  • मिसाल
No Result
View All Result
  • होम
  • आपका गांव
  • हैलो पंचायत
  • स्पेशल
  • हाल फिलहाल
  • खेती बाड़ी
  • पंचायत ज्ञान
  • राजनीति
  • पोल पट्टी
  • मिसाल
No Result
View All Result
Panchayat Reporter News Web Portal
No Result
View All Result
Home Uncategorized

Kedarnath Dham: शीतकाल के लिए बंद हुए बाबा केदार के कपाट, अब छह माह यहां होंगे दर्शन

Panchayat Reporter by Panchayat Reporter
November 15, 2023
in Uncategorized
0
Kedarnath Dham: शीतकाल के लिए बंद हुए बाबा केदार के कपाट, अब छह माह यहां होंगे दर्शन
0
SHARES
3
VIEWS
Share on FacebookShare on Twitter

रुद्रप्रयाग। भैया दूज पर्व पर केदारनाथ धाम के कपाट शुभ मुहूर्त में विधि-विधान के साथ शीतकाल के लिए बंद कर दिए गए हैं। इसके बाद भगवान केदारनाथ की पंचमुखी डोली को विधि-विधान से मंदिर परिसर से रवाना हुई और बाबा केदार की शीतकालीन पूजा गद्दीस्थल ओंकारेश्वर मंदिर ऊखीमठ में विराजमान होगी। वहीं बाबा केदार के कपाट बंद होने के समय हर हर महादेव के जयकारों से केदारघाटी गूंज उठी। केदारनाथ क्षेत्र बर्फ की चादर ओढ़े है। धाम में आधा फीट तक बर्फ मौजूद है, लेकिन कपाट बंद के के समय मौसम साफ रहा।

समाप्ति की ओर चारधाम यात्रा 

गौर हो कि चारधाम यात्रा अपने समापन की ओर बढ़ चली है। इसकी शुरुआत मंगलवार को गंगोत्री धाम के कपाट बंद होने के साथ हो चुकी है। भारतीय सेना के बैंड के भक्तिमय स्वर लहरियों के बीच केदारनाथ धाम के कपाट बंद करने की प्रक्रिया शुरू हुई। भगवान आशुतोष के 11वें ज्योतिर्लिंग भगवान केदारनाथ मंदिर के कपाट आज सुबह 8 बजे छह माह के लिए श्रद्धालुओं के लिए बंद कर दिए गए हैं। भगवान केदारनाथ की पंचमुखी डोली को विधि-विधान से मंदिर परिसर से रवाना हुई। जिसके बाद श्रद्धालु बाबा केदार की शीतकाल में पूजा-अर्चना ओंकारेश्वर मंदिर ऊखीमठ में कर सकेंगे। कपाट बंद होने के बाद बाबा केदार छह माह के लिए समाधि में लीन हो गए हैं। मंदिर में नित्य नियम पूजा-अर्चना तथा दर्शन हुए तत्पश्चात कपाट बंद होने की प्रक्रिया के तहत स्वयंभू शिवलिंग से श्रृंगार अलग कर केदारनाथ रावल भीमाशंकर लिंग की उपस्थिति में पुजारी शिवलिंग ने स्थानीय शुष्क पुष्पों, ब्रह्म कमल, कुमजा,राख से समाधि रूप दिया गया।  इस दौरान बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति अध्यक्ष अजेंद्र अजय पूरे समय मौजूद रहे।

फूलों से सजाया गया धाम
कपाट बंद होने के अवसर पर मंदिर को विशेष रूप से फूलों से सजाया गया था और ढाई हजार से अधिक तीर्थयात्री कपाट बंद होने के गवाह बने। इस दौरान सेना के भक्तिमय धुनों के साथ जय श्री केदार तथा ऊं नमः शिवाय के उद्घोष से केदारघाटी गूंज उठी। ठीक साढ़े छ: बजे मंदिर गर्भगृह में समाधि पूजा समापन की गयी तत्पश्चात मंदिर के अंदर सभामंडप में स्थित छोटे मंदिरों को भी बंद किया गया। इसके बाद ठीक साढ़े आठ बजे केदारनाथ मंदिर के दक्षिण द्वार को बंद कर दिया गया तथा उसके तुरंत बाद पूरब द्वार को भी बंद किया गया. इस अवसर पर भारतीय सेना,आईटीबीपी तथा दानदाताओं ने तीर्थयात्रियों के लिए भंडारे का आयोजित किया।

शीतकालीन गद्दीस्थल ओंकारेश्वर मंदिर विराजमान होंगे बाबा केदार 

वहीं बाबा केदार की भोग मूर्ति अपने शीतकालीन गद्दीस्थल ओंकारेश्वर मंदिर ऊखीमठ आएगी। जहां श्रद्धालु छह माह तक बाबा केदार का दर्शन और पूजन कर आशीर्वाद ले सकते हैं। बीकेटीसी मुख्य कार्याधिकारी योगेन्द्र सिंह ने बताया कि केदारनाथ धाम में कपाट खुलने की तिथि से मंगलवार 14 नवंबर रात्रि तक 1957850 (उन्नीस लाख सत्तावन हजार आठ सौ पचास ) तीर्थयात्रियों ने दर्शन किए. शीतकाल के दौरान चारों धामों में भारी बर्फबारी होती है। इसलिए चारों धाम छह महीने शीतकाल में बंद रहते हैं। हालांकि, कपाट की बंद करने को लेकर विधि-विधान और मान्यताएं भी हैं। मान्यता है कि बदरी केदार में छह महीने इंसान और छह महीने देवता पूजा करते हैं। इसलिए छह माह कपाट बंद रहते हैं। बताते चलें कि 18 नवंबर को बदरीनाथ धाम के कपाट बंद होंगे। बदरीनाथ धाम के कपाट बंद होने के साथ ही इस साल के लिए चारधाम यात्रा का समापन हो जाएगा।

Previous Post

सीएम पुष्कर सिंह धामी ने किया गौचर मेले का शुभारंभ, सांस्कृतिक कार्यक्रमों की रहेगी धूम

Next Post

भैया दूज पर बंद हुए यमुनोत्री के कपाट, अब यहां दर्शन देंगी मां यमुना

Panchayat Reporter

Panchayat Reporter

Related Posts

टनकपुर में संस्कृति और समरसता का उत्सव, मुख्यमंत्री ने लिया खिचड़ी प्रसाद,माघ खिचड़ी भोज में मुख्यमंत्री धामी, खड़ी होली की धुनों पर झूम उठा टनकपुर

टनकपुर में संस्कृति और समरसता का उत्सव, मुख्यमंत्री ने लिया खिचड़ी प्रसाद,माघ खिचड़ी भोज में मुख्यमंत्री धामी, खड़ी होली की धुनों पर झूम उठा टनकपुर

February 7, 2026
शहीद हवलदार गजेंद्र सिंह गढ़िया को नम आंखों से अंतिम विदाई: सरयू-खीरगंगा संगम पर सैन्य सम्मान के साथ हुआ अंतिम संस्कार

शहीद हवलदार गजेंद्र सिंह गढ़िया को नम आंखों से अंतिम विदाई: सरयू-खीरगंगा संगम पर सैन्य सम्मान के साथ हुआ अंतिम संस्कार

January 20, 2026
परफ्यूम बनाने वाली फैक्टरी में लगी आग, सिलिंडरों के धमाके की आवाज से गूंजा सेलाकुई

परफ्यूम बनाने वाली फैक्टरी में लगी आग, सिलिंडरों के धमाके की आवाज से गूंजा सेलाकुई

December 15, 2025
परफ्यूम बनाने वाली फैक्टरी में लगी आग, सिलिंडरों के धमाके की आवाज से गूंजा सेलाकुई

परफ्यूम बनाने वाली फैक्टरी में लगी आग, सिलिंडरों के धमाके की आवाज से गूंजा सेलाकुई

December 15, 2025
उत्तराखण्ङ में पीएमश्री योजना की तर्ज पर बनेगी स्कूलों के लिए योजनाः मुख्य सचिव

उत्तराखण्ङ में पीएमश्री योजना की तर्ज पर बनेगी स्कूलों के लिए योजनाः मुख्य सचिव

October 17, 2025
धामी सरकार की प्रतिबद्धता से साकार हो रही सुरक्षित चारधाम यात्रा, अब तक 5 लाख से अधिक श्रद्धालुओं की स्वास्थ्य स्क्रीनिंग

धामी सरकार की प्रतिबद्धता से साकार हो रही सुरक्षित चारधाम यात्रा, अब तक 5 लाख से अधिक श्रद्धालुओं की स्वास्थ्य स्क्रीनिंग

June 8, 2025
Next Post
भैया दूज पर बंद हुए यमुनोत्री के कपाट, अब यहां दर्शन देंगी मां यमुना

भैया दूज पर बंद हुए यमुनोत्री के कपाट, अब यहां दर्शन देंगी मां यमुना

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Facebook LinkedIn Twitter Youtube RSS
No Result
View All Result
  • होम
  • आपका गांव
  • हैलो पंचायत
  • स्पेशल
  • हाल फिलहाल
  • खेती बाड़ी
  • पंचायत ज्ञान
  • राजनीति
  • पोल पट्टी
  • मिसाल

© 2022 Panchayat Reporter News Web Portal.